vijay mishra

बाहुबली विधायक विजय मिश्र की लंबी छलांग के लिये सज रहा है मंच…!

खबरों में सुखिर्यों के शिखर, चालाकों में चालबाजों के वजीर, सियासत में शातिरों के उस्ताद और तूफानी धाराओं के विपरीत अपने वजूद की नाव...

रसोईया है बिहारी,जिसके जायके का मुंबईकर करते है तरफदारी

मुंबई:हीरानंदानी पवई स्थित नीटी कंपनी के सामने का चिल्ली स्पाईस रेस्टोरेंट का लजीज फूड पिछले तीन चार वर्षो से मुंबई में रहनेवाले विशेषतः युवा...

‘ करूणानिधि’ – दक्षिण भारत की राजनीती में एक युग का अंत

3 जून 1924 को ब्रिटिश भारत में ( अब आजाद भारत ) के नागपट्टिनम के तिरुक्कुभलइ में दक्षिणमूर्ति के रूप में एम. करुणानिधि का...

कामगारों में न्याय और विश्वास का पर्याय बना हिंद भारतीय जनरल कामगार सेना

कामगारों के खुशहाली और समृद्धि के प्रति कटिबद्धता के साथ समर्पित भावना और ईमानदारी के बल पर बहुत कम समय में ही महाराष्ट्र राज्य...

मरने के बाद भी बहन को जिन्दा रखे है यह महिला

क्या किसी को मरने के बाद भी जिन्दा रखा जा सकता है। सुनने में यह अजीब सा लगता है किन्तु यह सच भी है...
हमार पूर्वांचल

नहीं रहे पद्मश्री से अलंकृत पं.श्यामलाल चतुर्वेदी

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उनकी आंखों में था एक समृध्द लोकजीवन का स्वप्न  -प्रो. संजय द्विवेदी भरोसा नहीं होता कि पद्मश्री से अलंकृत वरिष्ठ पत्रकार- साहित्यकार पं.श्यामलाल चतुर्वेदी नहीं...

सबकी हितैषी,साहित्यकार अलका पाण्डेय उन्नाव में हुई सम्मानित

हिंदी साहित्य की पुण्य भूमि उन्नाव में हिंदी के महाप्राण निराला जी के नाम पर बने निराला प्रेक्षागृह के प्रांगण में शब्द शुद्धि गंगा...

समाज को आईना दिखाता एक शायर दुष्यंत कुमार – संतोष सिंह

दुष्यंत कुमार एक ऐसा नाम जिन्हें कई लोग़ शायर ही नहीं मानते और कुछ लोग़ इन्हें इतना मानते हैँ की इनके मुकाबले में कोई...

धरती पर महामानव के रूप मे रतन टाटा

वास्तव मे कुछ महामानवों के वजह से ही धरती टिकी हुई है!इस बात पर विश्वास हो जाता है जब हम किसी को निस्वार्थ रुप...

गरीब बच्चों के मसीहा बनें गुरु जी को पद्मश्री के लिए उठी आवाज़

यथार्थ सत्य हैं गुरु भगवान का दूसरा रूप होते हैं, क्योंकि वे निःस्वार्थ भावना से विद्यार्थियों को पढ़ाकर उनके भविष्य का निर्माण करते हैं....