“बेटियां” – मन की बात पवन कुमार के साथ

बेटी जो एक नारी, एक औरत, एक माँ, एक बहन और न जानें कितने रूप, ममता और प्यार का जीता जागता प्रतिक। वह समाज और...

होली की बदलता स्वरूप-आभा दवे

आज वक्त के अनुसार होली का स्वरुप भी बदल रहा है । आज होली दहन में वो बात नहीं है जो पहले हुआ करती...

जीवन में विपश्यना की अनिवार्यता और सत्यनारायण गोयनका की भूमिका- चंद्रवीर यादव

आज हम जिस दुनिया में जी रहे हैं। उस दुनिया में विपश्यना उसी प्रकार से जरूरी है जिस प्रकार से प्यासे के लिए पानी।...

कांग्रेस की अविश्वनीय छप्पी से विपक्षी चित्त

देश की वर्तमान राजनैतिक दशा को देखकर तो केवल यही लगता है कि आज देश के सभी भाजपा विरोधी दलों का उद्देश्य केवल भाजपा...

क्या आप भारत के सच्चे नागरिक हैं ? – मंजू सराठे

चौंक गए ना? कि यह कैसा सवाल है ?आपका उत्तर होगा हांँ, हांँ बिल्कुल हैं। यदि हांँ, तो क्यों आप लोग इस तरह गैर...

राजतंत्र में राजतिलक होता था, लोकतंत्र में आम चुनाव होता है- डाॅ.गिरीश कुमार वर्मा

किसी ने सुहाग को नहीं देखा मगर मान लेते हैं कि मांग का सिंदूर सुहाग है। किसी ने गणपति को नहीं देखा लेकिन मान...

बीएमसी स्कूली शिक्षा है सर्वश्रेष्ठ- चंद्रवीर वंशीधर यादव

बृहन्मुंबई मनपा द्वारा संचालित सभी अनुदानित और गैर अनुदानित स्कूलों के सभी माध्यम के शिक्षकों के कठोर परिश्रम की जितनी प्रशंसा की जाए उतनी...
हमार पूर्वांचल

हनुमान जी की जाति पर विवाद हो गया।

ज्योतिषाचार्य डॉ आशुतोष मिश्र के मन की बात हनुमान जी की जाती पर विवाद हो भी क्यों न, भारत विवादों का देश जो है। विवादों...

जहां से बनती है,देश के आर्थिक दशा। हर मानसून मे हो जाती है,उसकी दुर्दशा...

मुम्बई: मनपा की लापरवाही के कारण हर साल मॉनसून में देश के सबसे बड़े आर्थिक दशा को बनाए रखने वाली मुंबई की हर साल...

होली के त्यौहार का बदला स्वरुप- अलका पाण्डेय

पहले होली मेल मिलाप और प्रेम का प्रतीक व वैमनस्य को भुलाने का त्यौहार माना जाता था। पर आज इसका स्वरुप बदल रहा है घर...