संगठन अपनी जगह एवं राजनैतिक दल अपनी जगह-हरिकेश शर्मा नंदवंशी
आज हम लोग संगठन क्यों बनाते हैं उसका कारण आम नागरिकों को पता है या नहीं है यह मुझे मालूम नहीं है कोई भी...
क्या आप भारत के सच्चे नागरिक हैं ? – मंजू सराठे
चौंक गए ना? कि यह कैसा सवाल है ?आपका उत्तर होगा हांँ, हांँ बिल्कुल हैं। यदि हांँ, तो क्यों आप लोग इस तरह गैर...
आप यह आदत ले जा रही है आपको मौत के करीब
भारत में आज भी लाखों लोगों को भर पेट भोजन नही मिलता लेकिन इसी में कुछ ऐसे भी लोग है कि उन्हें भोजन मिले...
मकर संक्रान्ति अब 15 जनवरी को ही क्यों- चंद्रकला ब शर्मा
वर्ष 2008 से 2080 तक प्रारंभ में लीप ईयर को छोड़ कर मकर संक्राति 15 जनवरी को होगी।
विगत 72 वर्षों से (1935 से) प्रति...
होली का नाम लेते ही मानो तन-मन रंग जाता है- वंदना श्रीवास्तव
होली का नाम आते ही तन और मन जैसे रंगों से नहा उठता है, लेकिन आज की पीढ़ी त्योहारों के वास्तविक स्वरूप ही भूल...
समाज सेवा यानि एक दिखावा, आत्मप्रचार , धनाढ्य वर्ग की धार्मिक व दान प्रवृत्ति...
रिपोर्ट : पप्पूजी यादव
आखिर समाज सेवा है क्या? उसका स्वरूप क्या है? यह आज तक कोई नहीं समझ पाया। हमें तो अपने धर्म ग्रंथों...
भारत के इतिहास का स्वर्णयुग की आधारशिला नंदों ने रखी थी- डाॅ• गिरीश कुमार...
सैन समाज के साहित्यकार, इतिहासकार, हिंदी भाषा के महान कवि परम आदरणीय कवि डाॅक्टर गिरीश कुमार वर्मा सब के प्रणेता द्वारा नन्द वंश के...
विकलांगता के लक्षण एवं सुझाव- मंगेश पेडामकर
विकलांग दिवस पर चर्चा करते हुए समाजसेवी मंगेश पेडामकर ने विस्तृत जानकारी देते हुए कुछ तथ्य रखे और भारत सरकार से विकलांग मुक्त भारत...
बेहतर समाज के लिए सबको सोचना होगा-सेन हरिकेश शर्मा
सज्जनों हर व्यक्ति यह चाहता है कि उसका समाज निरन्तर प्रगतिपथ पर अग्रसर होता रहें। लेकिन इसके लिए समाज के हर तबके को सोचना...















