चिंताजनक है देश में हड़ताल की प्रथा
संतोष कुमार तिवारी 'विद्रोही'
देश के सभी लोग जानते है कि हड़ताल करने, बंद करने या विरोध करने से कहीं न कहीं देश की ही...
भाई कैसे हो तुम
भ्रातृत्व दिवस श्याम के द्वारा लिखी गयी कविता...आपके दिल के तारों को छेड़ देगी...छू जाएगी आपके अंतर्मन को...
" भाई,
कैसे भाई हो तुम ?
कभी पिता,...
दीपावली स्नेह सम्मेलन के साथ साहित्यकारों की सजी महफ़िल
मुम्बई-सांताक्रुज (पूर्व):युग प्रवर्तक साहित्य संस्थान के तत्वावधान में परम हाऊस सभागृह में दिनांक 18 नवम्बर 2018 रविवार को दीपावली स्नेह सम्मेलन एवं कवि सुदामा...
व्यंगबाण – दल बदलू जी!
पूड़ी पैकेट बांट बांट कर, नेता हैं परेशान।
रखे किसका खाए किसका, जनता सोच हैरान।
जनता सोच हैरान, करूं क्या भाई?
बार-बार अंबर को देखे, कौन सी...
दो महीने का प्यार
शैलेष तिवारी
आज ऑफिस जल्द पहुचने के चक्कर में श्रुति जैसे ही कल्याण स्टेशन पर पहुची 9.47 लोकल के इंडिकेटर पर नजर पड़ते ही उसके...
गैलरी – लघुकथा
लेखक- श्री राम आसरे सिंह
सहायक अध्यापक
माँ जिद कर रही थी कि उसकी चारपाई गैलरी में डाल दी जाये। बेटा परेशान था। बहू बड़बड़ा रही...
तिरछी नज़र … पत्रकारीता को बदनाम कर दिया
टुकड़े मिले तो झूँठ का, सम्मान कर दिया ।
गर न मिले तो सत्य का, अपमान कर दिया ।
कलम के चंद दागी - दलालों ने...
निजी क्षेत्र के कर्मचारियों का शोषण आखिर कब तक
रिपोर्ट: राधेश्याम यादव
दैनिक जीवन में बढ रही महंगाई को सेठ और नौकर सभी कोसते रहते हैं और त्रासदी का रोना रहते हैं। क्या कोई...
शिक्षक ही है भारत का सच्चा निर्माता
भारत में आदिकाल से गुरूओं का स्थान पूज्यनीय रहा है और आज भी है, लेकिन पहले जैसी श्रद्धा भक्ति नहीं है। गुरू ही तो...
भारतमाता की आजादी
गुड़िया झा
मै भारत माता केहलाती हु, मै पृथवी भी केहलाती हु, और धरनी भी केहलाती हु, आप सब जानते हो मुझ पृथवी के ग्रवग्रीह में घिरी हुई...














