विकलांगता के लक्षण एवं सुझाव- मंगेश पेडामकर

विकलांग दिवस पर चर्चा करते हुए समाजसेवी मंगेश पेडामकर ने विस्तृत जानकारी देते हुए कुछ तथ्य रखे और भारत सरकार से विकलांग मुक्त भारत...

तीन छेंद -अलका पाण्डेय

गुरु जी आज सभी विद्यार्थीयों को घूमाने ले जा रहे थे, सब बच्चे बहुत खुश थे क्यो कि घुमाते वक्त भी गुरु जी बच्चो...

रामधारी सिंह “दिनकर” एक विद्रोही कवि के साथ राष्ट्रकवि थे- श्रीमती आभा दवे

हिंदी साहित्य जगत के राष्ट्रकवि एवं जन कवि श्री रामधारी सिंह दिनकर जी की आज पुण्यतिथि है। दिनकर जी ने साहित्य में जो नाम...

सावन की तीज की महत्ता- मंजू गुप्ता

लघुकथा भारतवर्ष में हर त्योहार मौज मस्ती, खुशियों से भरा होता है। सावन शुक्ल की तीज भारत में हर्षोल्लास के साथ मनायी जाती है। सावन...

आरक्षण बनाम सरकारें- राजेन्द्र प्रसाद ठाकुर

इस देश में जब भी आरक्षण के बारे में चर्चा शुरू होती है तो जैसे- तुफान आ जाता है, आखिर आरक्षण है क्या? और...

लोकतंत्र की हत्या का गुनहगार कौन?

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लोकतंत्र! यह वह पवित्र नाम है जिसे सुनने के बाद आत्मा एक बार तृप्ति का अनुभव करती है। किन्तु चुनाव दर चुनाव लोकतंत्र की...

बाबा साहेब डाॅ.बी.आर. अम्बेडकर विश्ववंदनीय थे- चंद्रवीर वं. यादव

भारत रत्न महामानव डॉ बाबासाहब भीमराव आंबेडकर की जयंती हम भारत वासी बड़े धूमधाम से मनाते हैं और मनाना भी चाहिए। आज हम जिस...
हमार पूर्वांचल

लॉक डाउन में मजबूत करें रिश्तों की डोर

आज-कल के व्यस्ततम जीवन में रिश्तों को निभाना महज एक औपचारिकता सी बन गयी है। चाहे वह अपने परिवार के रिश्ते हों या अपने...
हमार पूर्वांचल

मन की बात : राष्ट्रपति भवन में बुद्ध की प्रतिमा क्यों-मंगेश पेडामकर

क्या आपने कभी सोचा है...? "भारत के राष्ट्रपति भवन में तथागत बुद्ध की ही प्रतिमा क्यों लगाई गयी है...? किसी हिन्दू देवी-देवताओं की प्रतिमा क्यों नही ? भारत...
hamara purvanchal

ज्वलंत मुद्दा: नारी कोई देह नहीं, यदि कपड़े छोटे हैं तो सोच छोटी है!

आज टीवी पर एक विज्ञापन देखा कि कपड़े छोटे नहीं होते सोच छोटी होती है, मैं भी कहती हूँ कि कपड़ें मत बदलो, समाज...