धरती से अम्बर तक हमने देख लिया,माँ के जैसा कोई पीर- फकीर नहीं

हिंदी साहित्य डॉट कॉम (हिंदी साहित्य सेवा मंच) द्वारा हिंदी दिवस (१४ सितंबर २०२०) के उपलक्ष्य में आयोजित की गयी प्रतियोगिता में रचनाकारों/साहित्यकारों ने...
हमार पूर्वांचल

निजी क्षेत्र के कर्मचारियों का शोषण आखिर कब तक

रिपोर्ट: राधेश्याम यादव दैनिक जीवन में बढ रही महंगाई को सेठ और नौकर सभी कोसते रहते हैं और त्रासदी का रोना रहते हैं। क्या कोई...

सम्मान समारोह में कवियों ने बिखेरा जलवा

छपरा : सारण की बेटी के नाम से ख्यातिलब्ध "कवयित्री ऋतु तिवारी" के कोलकाता से चलकर छपरा आगमन पर उनके सम्मान में एक भव्य...

जौनपुर की यह गजलकारा और मंचसंचालिका पुनः जीता झारखंडवासियो का दिल

बोकारो :सामयिक परिवेश हिंदी पत्रिका के झारखण्ड अध्याय पर पिछले महीने हुए ऑनलाईन कवि सम्मेलन में भाग लेने वाले प्रतिभागी कविगणो के लिए एक,सम्मान...
हमार पूर्वांचल

संगीत साहित्य मंच की काव्यसंध्या हुई काव्यमय

ठाणे : संयोजक श्री रामजीत गुप्ता द्वारा संचालित संगीत साहित्य मंच की मासिक काव्य गोष्ठी तारीख 08 दिसंबर 2018 शनिवार सांय श्री मुन्ना बिष्ट जी...

क्या तुम लौटा सकते हो

सुनो........ क्या तुम लौटा सकते हो मेरा चाँद तुम्हारे लिए जो कभी चिढ़ाता था मुझे बादलों की ओट से छिपकर वह नीला आसमान लौटा सकते हो जिसके नीचे हमदोनों साथ बैठकर अपने सपनों में...

उस वीर पूत अभिनन्दन का, वंदन करता ‘हमार पूर्वांचल’ है..

अभिनन्दन उस अभिनन्दन का, जिसकी जननी भारत है। जिसके वीर सपूतों से रिपु राष्ट्र हमेशा आरत है।। जिसका सुत भरत बचपना में, सिंहों से खेला करता...

नेह की उलझन मेघ में

क्या करूँ मैं, हे मेघा! खुश होऊँ या शोक मनाऊँ,... काल की बदरी! चहु ओर फैली है, इस बदरी को कैसे अपनाऊँ... क्या करूँ मैं, हे मेघा! खुश होऊँ या...

अम्बेडकर ने मूल मनुस्मृति को स्वीकार किया था-स्वामी यज्ञदेव

वैदिक दर्शन प्रतिष्ठान द्वारा आयोजित पुस्तक विमोचन समारोह में नारायण प्रकाशन वाराणसी से प्रकाशित गीत संग्रह 'तुम जलाना दीप बाती' का लोकार्पण किया गया।...
Teacher

शिक्षक दिवस मनाना देश के तमाम नियोजित शिक्षकों के लिए हुआ बेमानी,शिक्षा और...

बदलते परिवेश के साथ मानव जीवन की बुनियादी आवश्यकताएं बदल गई पर भारत में कुछ नहीं बदला तो वह है शिक्षा एवं शिक्षकों की...